बंद कमरे में सुनवाई ताकि उजागर ना हो कार्यकर्ताओं की रुसवाई

राहुल गोस्वामी @ जयपुर। चुनावी साल में भाजपा मुख्यालय में अब बंद कमरे में कार्यकर्ताओं की पीड़ा सुनी जा रही है। ऐसा ही नजारा मंगलवार को भाजपा मुख्यालय में दिखाई दिया

जब कृषि मंत्री प्रभुलाल सैनी कार्यकर्ताओं की समस्याओं से रूबरू हो रहे थे।

हालांकि सुनवाई कार्यक्रम को गोपनीय बनाने की पार्टी संगठन पदाधिकारियों की इस कारस्तानी से खुद कृषि मंत्री भी अनभिज्ञ नजर आए।

कार्यकर्ता सुनवाई में तबादलों की फरियाद सहित व्यक्तिगत एवं

सार्वजनिक समस्याएं लेकर आने वाले फरियादियों के मंत्रियों के सामने कई मर्तबा सार्वजनिक रूप से नाराजगी जताने की

घटनाओं को देखते हुए भाजपा संगठन पदाधिकारी मीडिया को इसकी कवरेज से रोकने को लेकर नित-नए हथकंडे अपना रहे हैं।

इसी कड़ी में मंगलवार को बंद दरवाजे के पीछे कार्यकर्ताओं की मन की बात सुनी गई।

हालांकि कृषि मंत्री ने बाकायदा गेट के बाहर कवरेज के लिहाज से खड़े

मीडियाकर्मियों को कांच से देखकर अंदर आने का निमंत्रण भी दिया लेकिन इससे इनके साथ बैठे

वे संगठन पदाधिकारी एकाएक असहज हो गए जिनकी ओर से आज पहली बार बंद कमरे में सुनवाई की
व्यवस्था की गई थी। बाद में इस तरह की व्यवस्था की भनक लगने पर कृषि मंत्री को भी काफी अचरज हुआ।
Read Also:

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

loading...