छात्रसंघ पदाधिकारी और छात्रनेता विश्वविद्यालय से हुए छूमंतर

0
90

जयपुर। राजस्थान विश्वविद्यालय में नियमित और स्वयंपाठी पाठ्यक्रमों के परीक्षा फॉर्म भरे जा रहे हैं। विद्यार्थियों को परीक्षा फॉर्म भरने में कई समस्याओं से गुजरना पड़ रहा है। इसके साथ ही कई विद्यार्थी माइग्रेशन, डिग्री, मार्कशीट बनवाने के लिए विश्वविद्यालय पहुंच रहे हैं।

हर रोज सैकड़ों विद्यार्थी काम करवाने के लिए सुबह से शाम तक विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। इसके बावजूद भी इन विद्यार्थियों की मदद के लिए ना छात्रसंघ पदाधिाकरी आगे आ रहे हैं और ना ही छात्रनेता। ऐसे में इन विद्यार्थियों के पास काम करवाने के लिए धक्के खाने के अलावा कोई दूसरा उपाय नहीं है।

छात्रसंघ पदाधिकारी और विश्वविद्यालय में चुनाव लडक़र अपनी राजनीति चमकाने में लगे छात्रनेता विधानसभा चुनावों के नजदीक आने के कारण कैंपस छोडक़र अपने राजनीतिक गुरुजनों की सेवा में लग गए हैं। विश्वविद्यरालय में क्या हो रहा है या नहीं उन्हें इससे कोई वास्ता नहीं।

इन कामों के लिए छात्र लगा रहे चक्कर
परीक्षा फॉर्म भरने में कई त्रुटियां आ रही हैं, जिन्हें सही करवाने के लिए प्रशासनिक भवन सही करवाने। पुनर्मूल्यांकन का परिणाम नहीं आने की स्थिति में जानकारी प्राप्त करने और फॉर्म भरने में दिक्कत आने, मार्कशीट, माइग्रेशन, डिग्री बनाने के लिए। परीक्षा परिणाम रुकने का कारण पता करने और उसे जारी करवाने।

सभी ने कहा कर रहे काम, फिर भी छात्र परेशान
जब महानगर टाइम्स ने छात्रों की समस्याओं को लेकर दोनों छात्र संगठनों के पदाधिकारियों सहित छात्रसंघ के पदाधिकारियों से बात की तो सभी ने यही कहा कि हम छात्रों के लिए काम कर रहे हैं। जब ये काम कर रहे हैं तो फिर भी छात्र क्यों परेशान हो रहे हैं। इस बारे में छात्रों से बात कर जानकारी जुटाई तो सामने आया कि छात्र नेताओं सहित छात्रसंघ के पदाधिकारी उसी समय आते हैं जब उन्हें खुद का कोई काम हो। या जब उनका स्वयं का कोई काम नहीं हो रहा हो उसी समय प्रदर्शन कर प्रशासन को झुकाने का प्रयास करते हैं।

पीडि़त छात्रों का कहना
बस्सी से आए बीए प्रथम वर्ष के छात्र ने बताया कि कम नंबर आने पर पुनर्मूल्यांकन का आवेदन किया था। परीक्षा फॉर्म भरने की अंतिम तिथि नजदीक है, लेकिन अभी तक परिणाम नहीं आया। प्रशासनिक भवन में कहीं भी कोई स्पष्ट जबाव नहीं मिल रहा। दो दिन से चक्कर लगा रहा हूं पर ना कोई छात्रनेता और ना ही कोई छात्रसंघ पदाधिकारी मदद के लिए मिला।
रामकिशोर शर्मा, पीडि़त छात्र

बगरू से आए छात्र ने बताया कि परीक्षा फॉर्म में विषय गलत भर गया। इसको लेकर प्रशासनिक भवन के कई चक्कर लगाए लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। चुनाव लडऩे के दौरान छात्रनेताओं ने किसी भी काम के लिए हर समय साथ खड़े होने का वादा किया था, लेकिन अब कोई नजर नहीं आ रहे।
हेमसिंह चौधरी, पीडि़त छात्र

इनका कहना…
संगठन ने इकाई अध्यक्ष सहित कई कार्यकर्ताओं को विश्वविद्यालय में छात्रों की समस्याओं का काम करवाने के लिए लगाए हुए हैं, जो लगातार सक्रिय होकर कार्य कर रहे हैं। जिस किसी छात्र को कुछ काम हो वह कार्यकर्ताओं से सम्पर्क कर सकता है।
होशियार मीणा, प्रांत संगठन मंत्री, एबीवीपी

एनएसयूआई ऐसा छात्र संगठन है जो छात्र हितों के साथ किसानों के लिए भी कार्य कर रहा है। विश्वविद्यालय में आने वाले छात्रों को अपने काम को लेकर भटकना ना पड़े इसे देखते हुए कार्यकर्ताओं को लगा रखा है।
जसविंदर चौधरी, राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी, एनएसयूआई
विश्वविद्यालय के वर्किंग डे के हर दिन सुबह 11 से चार बजे तक कार्यालय में रहकर छात्रों की समस्याओं के संबंध में काम कर रहा हूं। छात्रों के काम के लिए पूरी टीम लगी हुई है।
आदित्य प्रताप सिंह, महासचिव, केंद्रीय छात्रसंघ, आरयू

  • 1
    Share

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

loading...